हाइलाइट्स
- यूपी सिपाही भर्ती परीक्षा पेपर लीक का मास्टरमाइंड नोएडा से पकड़ा गया
- राजीव नयन मिश्रा को नोएडा के परी चौक से एसटीएफ ने अरेस्ट किया है
- मिश्रा ने गुड़गांव के अलावा रीवा के रिजॉर्ट में भी पेपर पढ़वाया था
लखनऊ: सिपाही भर्ती पेपर लीक मामले में यूपी एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है। पेपर लीक के मास्टरमाइंड बताए जा रहे राजीव नयन मिश्रा को परी चौक नोएडा से गिरफ्तार किया गया है। वह प्रयागराज का रहने वाला है। एसटीएफ के मुताबिक, राजीव नयन पहले भी कई भर्ती परीक्षाओं के पेपर लीक करवा चुका है। यूपी पुलिस और स्पेशल टास्क फोर्स उसकी तलाश में कई दिनों से छापेमारी कर रही थी। बता दें कि यूपी पुलिस कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा में करीब 48 लाख नौजवानों ने किस्मत आजमाई थी। लीक हो जाने के बाद पेपर को रद्द करना पड़ा था। इसके बाद से ही एसटीएफ आरोपियों की धरपकड़ में जुटी है।
एसटीएफ की पूछताछ में सामने आया है कि गुड़गांव के अलावा राजीव ने रीवा के भी एक रिजॉर्ट सोर्ट में अपने गैंग के साथ पेपर पढ़वाया था। पूर्व में यह NHM घोटाले में ग्वालियर और यूपी टेट पेपर लीक में कौशांबी से जेल जा चुका है। गौरतलब है कि बीते 17 और 18 फरवरी को यूपी में सिपाही भर्ती परीक्षा आयोजित की गई थी। इसमें 60 हजार से ज्यादा पदों के लिए ये भर्तियां निकाली गई थीं। बोर्ड ने परीक्षा करवाने के लिए अलग-अलग जिले चुने थे। इनकों देने के लिए केवल यूपी ही नहीं, बल्कि एमपी, राजस्थान और बिहार के नौजवान युवा भी आए थे। मगर सिपाही भर्ती परीक्षा का पेपर पहले ही लीक हो गया था।
अब तक 244 लोग पकड़े जा चुके हैं
गौरतलब है कि सीएम योगी आदित्यनाथ ने पेपर लीक मामले में गंभीरता दिखाते हुए जिम्मेदार अधिकारियों को निर्देश दिए थे। इसके बाद पुलिस ने साजिश रचने के आरोप में प्रदेश के अलग-अलग इलाकों से 244 लोगों को गिरफ्तार या हिरासत में लिया था। गत मार्च में एसटीएफ ने पेपर लीक मामले में संलिप्त पाए जाने के बाद मेरठ और दिल्ली के सात और लोगों को गिरफ्तार किया था। अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी कथित तौर पर पेपर लीक मामले में शामिल एक गिरोह के सदस्य थे। मेरठ के रहने वाले दीपक, बिट्टू, प्रवीण, रोहित, नवीन और साहिल को कांकेरखेड़ा थाना क्षेत्र के एक घर से गिरफ्तार किया गया था। वहीं गौतमबुद्धनगर के रहने वाले प्रमोद पाठक को भी पकड़ा था।