वाराणसी। काशी का थ्रीडी डिजिटप मैप बनाया जा रहा है। शहरी इलाकों की फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी के लिए एयरक्राफ्ट और ड्रोन की मदद ली जा रही है। शहर की हाई रिजॉल्यूशन वाली तस्वीरें और वीडियो जरूरत के अनुसार बनाया जा रहा है। अलग-अलग एंगल से तस्वीरें और वीडियो लेने के लिए विशेषज्ञों का सहारा लिया गया है।काशी के सभी इलाकों, संस्थानों, ईमारतों, चौक-चौराहों और गली-मोहल्लों की थ्रीडी मैपिंग की जा रही है। यह मैपिंग सिटी प्लानिंग एंड मैनेजमेंट के तहत हो रहा है। लोगों की समस्याओं और शिकायतों को थ्रीडी की मदद से बेहतर ढंग से समझा जा सकेगा। बताया जा रहा है कि अभी शहर के सभी इलाकों की वास्तविक जानकारी ऑनलाइन उपलब्ध नहीं है।
इससे आपात स्थिति में लोकेशन को ट्रेस करने में परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसके अलावा बचाव राहत कार्यों की मॉनिटरिंग में भी दिक्कत आती है। आधुनिक मशीनों की मदद से तस्वीरों को डिजिटल रूप दिया जाएगा। इस मैप से शहर की भीड़, अवैध निर्माण की निगरानी, सीवर और पेयजल जैसी मूलभूत बुनियादी सुविधाओं के विस्तार और प्रबंधन में मदद मिलेगी। सर्वे का काम चल रहा है। नौ माह में पूरा होगा।
देश में पहली बार किसी शहर का ऐसा मैप तैयार किया जाएगा। वाराणसी स्मार्ट सिटी के मुख्य महाप्रबंधक डॉ. डी. वासुदेवन ने बताया कि वाराणसी में इस हवाई सर्वेक्षण कार्य को ड्यूअल इंजन विमान पार्टेनेविया पी-68-सी के माध्यम से 3800 फीट की ऊंचाई पर किया जा रहा है, जो लाल बहादुर शास्त्री अंतर्राष्ट्रीय हवाईअड्डे से संचालित हो रहा है।
नगरीय संस्थाओं को प्रभावी ढंग से काम करने में होगी सहायता
वाराणसी स्मार्ट सिटी के अध्यक्ष और मंडलायुक्त कौशल राज शर्मा ने बताया कि पहले केवल नगर निगम के 84 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र का 2-डी मानचित्र उपलब्ध था, जिससे 160 वर्ग किलोमीटर के नए परिधि वाले क्षेत्रों में काम करने में असुविधा होती थी, वाराणसी स्मार्ट सिटी अब पूरे 160 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र का एक आधुनिक अर्बन स्पेशल डिजिटल ट्विन मैप बनाने का काम कर रही है, जो शहर प्रबंधन और प्रशासन में सभी नगरीय संस्थाओं को प्रभावी और समन्वित ढंग से काम करने में सहायक होगा।
नगर आयुक्त/ मुख्य कार्यकारी अधिकारी, वाराणसी स्मार्ट सिटी अक्षत वर्मा ने बताया कि इस परियोजना के माध्यम से नगर निगम और अन्य विभागों को परियोजना कार्यान्वयन, संसाधन विकास और कर संग्रह प्रणाली के परीक्षण के लिए सुविधाओं का विस्तार होगा।